Home / Devotional / एक्यूप्रेशर उपचार पद्धति सृष्टि के आरंभ से ही मनुष्य की सहज प्रवृत्ति में रही है

एक्यूप्रेशर उपचार पद्धति सृष्टि के आरंभ से ही मनुष्य की सहज प्रवृत्ति में रही है

Hits: 0

मुझे आज लेख लिखने पर बहुत हर्ष महसूस हो रहा है क्योंकि हमारे भारत देश में लगभग 6000 वर्ष पहले जो एक्यूप्रेशर उपचार पद्धति विकसित हुई उस प्राचीन उपचार पद्धति के बारे में मुझे लिखने का मौका मिल रहा है। हमें यह जानकर बहुत हैरानी होगी कि एक्यूप्रेशर उपचार पद्धति एक ऐसी पद्धति है जो सृष्टि के आरंभ से ही मनुष्य की सहज प्रवृत्ति में रही है अर्थात हम यह भी कह सकते हैं कि यह उपचार पद्धति ईश्वर प्रदत्त है। ईश्वर का मानव को उपहार स्वरूप यह एक्यूप्रेशर पद्धति है ।

आप सोच रहे होंगे कि यह ईश्वर प्रदत्त कैसे हैं और यह मानव की सहज प्रवृत्ति में कैसे हैं? उसके बारे में भी मैं आपको जरूर बताऊंगी। क्या आपने कभी सोचा कि शरीर के किसी भी अंग में दर्द का अनुभव करते हैं तो हम सबसे पहले क्या करते हैं? हमने कभी ध्यान नहीं दिया परंतु हम सब यह स्वीकार करेंगे की जन्म से ही किसी के भी बताए बगैर जब जब हमारे को शरीर के किसी अंग में दर्द हुआ तब हमारा हाथ स्वतः ही दर्द के स्थान पर दबाव देकर आराम महसूस कराता आया है। तो है ना यह एक्यूप्रेशर हमारी सहज प्रवृत्ति में।

आप अभी भी हैरान हैं चलिए आपके हैरानी को दूर करते हैं। एक्यूप्रेशर दो से मिलकर बना है एक्यू+प्रैशर एक्यू का अर्थ हैं सुई के समान बिन्दु व प्रैशर का अर्थ है दबाव अर्थात सुई के समान बिंदु पर प्रेशर देना । साथियों अब आपको समझ आया होगा की एक्यूप्रेशर एक पुरातन और प्राचीन पद्धति है जो मनुष्य की सहज प्रवृत्ति में है मैं आपको यह बताऊंगी की यह पद्धति ईश्वर प्रदत्त कैसे है। यह सवाल आप लोगों के लिए इसलिए छोड़ा ताकि आप अगले लेख का इंतजार करें धन्यवाद।

Check Also

मोहम्मद शमसुद्दीन इदरीसी को सैंकड़ों नमदीदा लोगों ने किया सुपुर्द ए खाक

Hits: 0हाजीपुर(वैशाली)जिले के देसरी स्टेशन बाज़ार बाशिंदा मोहम्मद शमसुद्दीन इदरीसी(58 साल लगभग)का जुमेरात की शाम …

News vaishali, vaishali news, vaishali live, live vaishali, vaishali live news,hindi news vaishali, vaanishree news,vaanishree news live

जमीन विवाद को लेकर दो पक्ष मे मारपीट

Hits: 0रिपोर्ट: विजय कुमार,पातेपुर। पातेपुर थाना क्षेत्र के महेयाँ मालपुर गांव में जमीनी विवाद को …

error: Content is protected !!
%d bloggers like this: